Yoga Vasistha — Utpatti Prakarana (Creation), Sarga 72, Verse 27
This page presents the Yoga Vasistha (Yogvashistha), Utpatti Prakarana (Creation), Sarga 72, verse 27 — the original Sanskrit shloka(s) with their Hindi meaning.
उत्पत्ति प्रकरण · सर्ग 72 · श्लोक 27
संस्कृत श्लोक
इति वर्षसहस्राणि साकरोद्दारुणं तपः ।
सप्तसप्तमहालोकसंतापकरमुन्मुखी ॥ २७ ॥
हिन्दी अर्थ
इस प्रकार उसने ऊपर को मुख करके हजारों वर्ष तक कठोर तपस्या
की, जो चतुर्दश महालोकों को सन्ताप देनेवाली थी