Yoga Vasistha — Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 69, Verse 7
This page presents the Yoga Vasistha (Yogvashistha), Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 69, verse 7 — the original Sanskrit shloka(s) with their Hindi meaning.
उपशम प्रकरण · सर्ग 69 · श्लोक 7
संस्कृत श्लोक
न शब्दस्पर्शरूपेषु न मोहानन्दवृत्तिषु ।
न गमागमचेष्टासु न कालकलनासु च ॥ ७ ॥
हिन्दी अर्थ
सदा सर्वदा केवल आत्मस्वरूप में निष्ठा रखनेवाले जिस महात्मा का
अन्तःकरण हर्ष और क्रोध के वश में नहीं होता, वही लोक में असंसक्त ओर जीवन्मुक्त कहा जाता
है