Yoga Vasistha — Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 37, Verse 7
This page presents the Yoga Vasistha (Yogvashistha), Upashama Prakarana (Dissolution), Sarga 37, verse 7 — the original Sanskrit shloka(s) with their Hindi meaning.
उपशम प्रकरण · सर्ग 37 · श्लोक 7
संस्कृत श्लोक
एतावताथ कालेन तद्रसातलमण्डलम् ।
बभूवाराजकं तीक्ष्णं मात्स्यन्यायकदर्थितम् ॥ ७ ॥
हिन्दी अर्थ
तदनन्तर
इस बीच में वह पातालमण्डल अराजक और प्रबल मात्स्यन्याय से (बलवान् सजातीयो ओर विजातीयों
द्वारा दुर्बलो के तिरस्कार, वध आदि से) पीडित हुआ